योगी सरकार के मंत्री मौर्य और BJP विधायकों के इस्तीफे पर आरएसएस विचारक ने दिया ममता बनर्जी का उदाहरण

उत्तर प्रदेश की योगी सरकार में मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य ने मंगलवार को इस्तीफा दे दिया और समाजवादी पार्टी में शामिल हो गए। इसके बाद भाजपा के खेमे से एक-एक करके तीन विधायकों ने इस्तीफा दे दिया, जिससे सूबे की सियासत गरमाई हुई है।

स्वामी प्रसाद मौर्य के बाद तीन विधायकों के इस्तीफे के भाजपा के लिए झटका माना जा रहा है, वहीं संघ विचारक प्रोफेसर रागी का मानना है कि मौर्य के भाजपा छोड़ने से यूपी चुनाव में सत्ताधारी दल को कोई फर्क नहीं पड़ेगा।

न्यूज24 के टीवी डिबेट ‘राष्ट की बात’ के दौरान संघ विचारक प्रोफेसर संगीत रागी ने कहा, ”जब भी कोई पार्टी छोड़कर जाता है तो वह पार्टी पर कई तरह के आरोप लगाता है। जितिन प्रसाद ने भी जब कांग्रेस का साथ छोड़ा तब उन्होंने नेतृत्व पर आरोप लगाए थे। यह स्पष्ट है कि स्वामी प्रसाद मौर्य एक बड़े नेता हैं और उनको भाजपा ने चार-चार मंत्रालय सौंपे, बेटे को टिकट दिया, बेटी को टिकट दिया। ”

संगीत रागी ने कहा, ”हालांकि, ये कहना कि इनके जाने से भाजपा को बड़ा नुकसान होगा, ऐसा मुझे नहीं लगता है। बंगाल का चुनाव हमारे सामने एक उदाहरण है। जब टीएमसी से बहुत सारे लोग निकलकर जाने लगे तो लगा कि बंगाल में भाजपा की बाढ़ आ जाएगी। लेकिन जमीनी समीकरण देखते हैं, तो निष्कर्ष इसके विपरीत रहा। चूंकि, भाजपा का एक अपना कैडर बेस है और अपनी विचारधारा है, हिंदुत्व की एक ऐसी विचारधारा है जो कई जातियों को अपने आप में समेटता है।”

प्रोफेसर रागी ने कहा, ”कहीं भी ऐसा नहीं है कि एक नेता के निकल जाने से पूरा उसका समाज निकलकर चला जाएगा। मैं समाजवादी पार्टी को ‘यादवी पार्टी’ कह सकता हूं क्योंकि मूलत: एंकर उसमें यादव समाज से है, एक परिवार का नेतृत्व है।”

बता दें कि स्वामी प्रसाद मौर्य के इस्तीफे को भाजपा के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है। मौर्य के इस्तीफे के बाद बांदा के तिंदवारी विधानसभा क्षेत्र से विधायक बृजेश कुमार प्रजापति, शाहजहांपुर के तिलहर से विधायक रोशन लाल वर्मा के साथ कानपुर देहात से विधायक भगवती सागर ने भी बीजेपी से इस्तीफा दे दिया है।