गुरुद्वारे में बिताई रातें, लंगर खाकर मिटाई भूख, अब कदमों में है दुनिया

रिषभ पंत ने फिरोजशाह कोटला मैदान पर हैदराबाद के खिलाफ शतक ठोका

इंडियन प्रीमियर लीग के 11वें सीजन में हैदराबाद के खिलाफ शतक ठोकने वाले रिषभ पंत को आज दुनिया सलाम कर रही है लेकिन इस युवा खिलाड़ी ने ऐसे दिन भी देखे हैं जिसे जानकर आपका गला भर आएगा.

रिषभ पंत ने धमाकेदार बल्लेबाज बनने के लिए मेहनत के साथ-साथ कई पापड़ बेले हैं. पंत अपने क्रिकेट करियर के शुरुआती दिनों में दिल्ली के गरुद्वारे में सोए हैं. साथ ही उन्होंने वहां का लंगर खाकर अपनी भूख मिटाई है.

रिषभ पंत ने दिल्ली के सोनेट क्लब में क्रिकेट का ककहरा सीखा है. इस क्लब में कोच तारक सिन्हा ने एक क्रिकेट कैंप रखा था, जिसमें हिस्सा लेने के लिए वो रुड़की से आते थे. सोनेट क्लब में हर शनिवार और रविवार को ट्रेनिंग होती थी और पंत इस दौरान मोतीबाग गुरुद्वारे में रुकते थे. पंत सुबह का लंगर खाने के बाद सोनेट जाते और रविवार को ट्रेनिंग पूरी होने के बाद वापस रुड़की लौट जाते.

काफी समय तक गुरुद्वारे में रहने और खाना खाने के बाद पंत के परिवार ने दिल्ली के छतरपुर में किराए पर मकान लिया. पंत ने जूनियर क्रिकेट के बाद अपनी छाप छोड़ी अंडर 19 वर्ल्ड कप में, जहां इस बल्लेबाज ने नेपाल के खिलाफ महज 18 गेंदों में हाफसेंचुरी ठोक दी. पंत ने नामीबिया के खिलाफ शतक ठोककर टीम इंडिया को सेमीफाइनल में पहुंचाया. उसी दिन रिषभ पंत को दिल्ली डेयरडेविल्स ने 1.9 करोड़ की बड़ी कीमत पर अपनी टीम में शामिल किया.

इसके बाद ऋषभ पंत ने 13 अक्टूबर 2016 को अपने चौथे रणजी मैच में महाराष्ट्र के खिलाफ शानदार 308 रनों की पारी खेली. ऋषभ ने अपने पारी 9 छक्के और 42 चौके लगाए थे. जिसके बाद उनकी किस्मत चमक गई और उन्हें भारतीय टी20 टीम में खेलने का मौका मिला. अब रिषभ पंत आईपीएल के स्टार हैं और वो सबसे बड़ी पारी खेलने वाले भारतीय बल्लेबाज भी बन चुके हैं.